Sunday, 3 February 2013

बीटीसी 2010

आखिर कैसा दोषः

पिछले दो वर्षो से पात्रता का प्रमाण पत्र लेकरदर-दर भटक रहे हैं बेरोजगार। कभी टीईटी मेरिट तो कभी शैक्षिक, कभी सचिव का विज्ञापन तो कभी बीएसए का, कभी मुद्दा बने 2012 तो अब इस भर्ती के लिए संकट हुए बीटीसी 2010, जिनका साफ कहना है कि अगर बीएड 2012 पात्र तो हम पात्र यदि हम पात्र हैँ तो फिर बीएड वाले हमारे रहते भर्ती के लिए अपात्र है। इस मामले को न्यायमूर्ति वीके शुक्ला ने गम्भीरता से लिया है।

बेसिक शिक्षक भर्ती पर संकटः

पब्लिक न्यूज इलाहाबाद, बीटीसी 2010 मंगल सिंह आदि की याचिका पर सुनवाई करते हुए इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार एवं मानव संशाधन विकास मंत्रालय को तलब किया है।इस प्रकार अगर राज्य सरकार जवाब देने में अक्षम रहती है तो जाँचव चयन के बाद भी बीएड बेरोजगारों का भविष्य में फँस जायेगा। अतः बीएड बेरोजगारों का भविष्य चौपट होता जा रहा है।

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